Sunday, May 31, 2020

केंद्र सरकार ने लॉकडाउन से देश को अनलॉक-1 किए जाने की शुरुआत कर दी है

 


केंद्रीय गृह मंत्रालय की ओर से जारी गाइडलाइन के मुमताबिक, आने वाले दिनों में लॉकडाउन से तीन चरणों में धीरे धीरे ढील भी दी जाएगी...


हालांकि, कंटेनमेंट जोन में सख्‍त पाबंदियां जारी रहेंगी।


 


पहला फेज :-


इसमें आठ जून के बाद धार्मिक स्थल/इबादत की जगहें, होटल, रेस्टोरेंट और हॉस्पिटैलिटी से जुड़ी सेवाएं, शॉपिंग मॉल्स खोले जाएंगे। 


 


दूसरा फेज:-


स्कूल, कॉलेज, एजुकेशन, ट्रेनिंग और कोचिंग इंस्टिट्यूट खुल सकेंगे लेकिन इनके बारे में राज्य सरकारों से सलाह लेने के बाद ही कोई फैसला लिया जाएगा।


 


तीसरा फेज:-


इस फेज में इंटरनेशनल फ्लाइटों, मेट्रो रेल सेवाओं, सिनेमा हॉल, जिम, स्वीमिंग पूल, एंटरटेनमेंट पार्क, थिएटर, बार, ऑडिटोरियम, असेंबली हॉल और इनके जैसी बाकी जगहों को आम लोगों के लिए खोने जाने की बात कही गई है। इसी चरण में सामाजिक, राजनीतिक रैलियां, स्पोर्ट्स इवेंट, अकादमिक और सांस्‍कृतिक कार्यक्रम, धार्मिक समारोह और बाकी बड़े जमावड़े शुरू किए जाने की बात है। हालांकि इन्‍हें शुरू करने का फैसला हालात का जायजा लेने के बाद ही होगा।


 


Important-


A) गाइडलाइन के मुताबिक, रात का कर्फ्यू जारी रहेगा लेकिन जरूरी सेवाओं के लिए कर्फ्यू का नियम लागू नहीं होगा। रात को 9 बजे से सुबह 5 बजे तक अब नाइट कर्फ्यू रहेगा।


B) एक से दूसरे राज्य में जाने का प्रतिबंध पूरी तरह से हटा लिया गया है। यही नहीं राज्य में भी लोग एक जिले से दूसरे जिले में जा सकेंगे।


C) कंटेनमेंट जोन में 30 जून तक लॉकडाउन का पांचवां चरण लागू रहेगा। इन जोनों का निर्धारण जिला प्रशासन स्वास्थ्य मंत्रालय की गाइडलाइन के आधार पर लेगा।


D) सरकार की ओर से जारी निर्देशों में कहा गया है कि 65 साल से अधिक के बुजुर्ग और 10 साल से कम के बच्चे घरों से बाहर तब तक नहीं निकलें जब तक कि कोई मेडिकल इमरजेंसी या अत्‍यंत जरूरी कार्य ना हो।


E) केंद्र सरकार की ओर से कार्यालयों को निर्देश दिया गया है कि यह सुनिश्चित किया जाए कि हर कर्मचारी के मोबाइल में आरोग्य सेतु ऐप इंस्‍टॉल हो।


F) राज्य सरकारो का अधिकार बड़े अपने स्तर पर पाबंदियां लगाने और राहतों पर कई फैसले ले पाएंगी।


G) राज्‍य सरकारें निर्धारित करेंगी बफर जोन


संक्रमित देशों की सूची में 9वें से 7वें स्थान पर पहुंचा भारत


नई दिल्ली : भारत में संक्रमितों की संख्या रविवार को 1.90 लाख हो गई। इसके साथ ही यह जर्मनी के 1.83 लाख और फ्रांस के 1.88 लाख मामलों से आगे निकल गया। दुनिया में सबसे ज्यादा संक्रमित देशों की सूची में भारत अब 9वें से 7वें स्थान पर आ गया। रविवार देर शाम तक देश में कुल एक लाख 90 हजार 536 मामले सामने आ चुके थे। बीते दो दिन से हर रोज 8 हजार से ज्यादा संक्रमण के मामले सामने आ रहे हैं।


सबसे ज्यादा संक्रमितों की सूची में अमेरिका पहले स्थान पर है। यहां 18 लाख से ज्यादा मामले हैं। ब्राजील में पांच लाख से ज्यादा मामले हैं और वो दूसरे पायदान पर है। रूस में चार लाख  ज्यादा मामले हैं रुस में महामारी का असर बाकी देशों की तुलना में कुछ देर से शुरू हुआ लेकिन वो अब तीसरे स्थान पर  है।


सलमान खान की दरियादिली- कोरोना की जंग लड़ रहे मुंबई पुलिस की मदद में हाथ बढ़ाया आगे


कोरोना महामारी के बीच, मेगास्टार सलमान खान एक बार फिर मुंबई के फ्रंट लाइन योद्धाओं के लिए आगे आये हैं। सलमान खान ने हाल ही में एक पर्सनल केअर ब्रांड 'FRSH' लॉन्च किया था। आज के समय में इसकी उच्च मांग को देखते हुए, सलमान ने उदारतापूर्वक अपने ब्रांड 'FRSH' के एक लाख हैंड सैनिटाइज़र, मुंबई पुलिस विभाग में दान किये हैं


युवा सेना के सदस्य राहुल कनाल ने सलमान खान को धन्यवाद देते हुए लिखा, फ्रंट लाइन वारियर्स के बारे में सोचने के लिए धन्यवाद सलमान खान भाई.. महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री और मुंबई पुलिस को धन्यवाद हमेशा हम सबके लिए खड़ा रहने के लिए। फ्रेश सैनिटाइजर्स को पुलिस डिपार्टमेंट में वितरित किया जाएगा।


वहीं, मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने भी अभिनेता की तारीफ की है। सलमान की उदारता और स्थिति के बारे में उनकी जागरूकता ने एक बार फिर प्रशंसकों का दिल जीत लिया है और अभिनेता के इस सराहनीय कदम की खूब तारीफ़ कर रहे हैं। सलमान इन दिनों अपने पनवेल फार्महाउस में हैं, लेकिन जरूरत के इस समय में, उन्होंने मुंबई पुलिस तक पहुंच सुनिश्चित करने और सहायता करने का प्रयास किया है, जो शहर के लोगों के लिए पूरी सावधानी से काम कर रहे हैं! 


आदर्श व्यापार मंडल के प्रदेश अध्यक्ष संजय गुप्ता द्वारा महामहिम का स्वागत वक्तव्य किया गया 


उत्तर प्रदेश की महामहिम राज्यपाल श्रीमती आनंदीबेन पटेल ने राजभवन लखनऊ से वेबीनार के माध्यम से देशभर के कनफेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स के पदाधिकारियों को संबोधित किया


 


कनफेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स के राष्ट्रीय अध्यक्ष बीसी भरतीया, राष्ट्रीय महामंत्री प्रवीण खंडेलवाल ने महामहिम को संगठन के कार्यों की जानकारी दी


 


कनफेडरेशन ऑफ ऑल ऑल इंडिया ट्रेडर्स के उत्तर प्रदेश के चेयरमैन एवं आदर्श व्यापार मंडल के प्रदेश अध्यक्ष संजय गुप्ता ,मध्य प्रदेश के अध्यक्ष भूपेंद्र जैन ने वेबिनार में महामहिम राज्यपाल का स्वागत किया


 


राज्यपाल महोदया ने 


लॉक डाउन की अवधि में व्यापारियों द्वारा आवश्यक वस्तुओं की सप्लाई चेन बनाए रखने की सराहना की


 


31 मई, दिन रविवार, कनफेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स के बैनर तले एक वेविनार का आयोजन हुआ इस वेबिनारा को मुख्य अतिथि के रुप में उत्तर प्रदेश की राज्यपाल महामहिम श्रीमती आनंदीबेन पटेल जी द्वारा संबोधित किया गया महामहिम राज्यपाल द्वारा देश की अर्थव्यवस्था को मजबूत करने में स्वदेशी आंदोलन को अभियान के रूप में लेने के लिए व्यापारियों को प्रेरित किया गया तथा आत्मनिर्भर भारत अभियान को सफल बनाने का संदेश दिया गया उन्होंने कहा इसके माध्यम से देश की अर्थव्यवस्था मजबूत होगी 


वीडियो कांफ्रेंस में महामहिम द्वारा गुजरात में महिला उद्यमियों एवं महिला व्यापारियों हेतु सखी मंडलों की रचना की भी जानकारी दी गई 


 


उत्तर प्रदेश के व्यापारियों की तरफ से कनफेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स के उत्तर प्रदेश के चेयरमैन एवं उत्तर प्रदेश आदर्श व्यापार मंडल के प्रदेश अध्यक्ष संजय गुप्ता द्वारा महामहिम का स्वागत वक्तव्य किया गया 


 


Saturday, May 30, 2020

अनलॉकडाउन 1.0


मंत्रालाय ने शनिवार को लॉकडाउन 5.0 को लेकर दिशानिर्देश जारी कर दिए हैं। नए दिशानिर्देशों में में कंटेनमेंट जोन में और सख्ती से लागू करने की बात कही गई है। 30 जून तक लॉकडाउन 5.0 लागू रहेगा। सरकार ने इसे लॉकडाउन की जगह अनलॉकडाउन 1 कहा है। सरकार की कोशिश है की आम जन जीवन को पटरी पर वापस लाया जाए।


नए दिशानिर्देशों के मुताबिक रात का कर्फ्यू जारी रहेगी, जो जरूरी चीजें हैं, उनके लिए कोई कर्फ्यू नहीं रहेगा। रात को 9 बजे से सुबह पांच बजे तक अब नाइट कर्फ्यू रहेगा। अभी तक यह शाम 7 से सुबह 7 बजे तक था।


स्कूल-कॉलेज और शैक्षणिक संस्थान खोले जाने पर फैसला सरकार बाद में लेगी।


मंदिर-मस्जिद-गुरुद्वारा-चर्च आठ जून से खोल दिए जाएंगे।


मॉल भी चरणबद्ध तरीके से खुलेंगे, स्कूल-कॉलेज जुलाई से खोले जा सकते हैं।


आठ जून से रेस्टोरेंट और होटल खुल जाएंगे।


शादी और अंतिम संस्कार में पुराने नियम लागू!


Report@Rohit Tripathi


जौनपुर : मंदिर के गुम्बज पर आकाशीय बिजली गिरी, एक की मौत

मंदिर के गुम्बज पर आकाशीय बिजली गिरी,एक की मौत,एक युवक बुरी तरह झुलसा,कई लोग हो गए थे बेहोश!



जौनपुर। जफराबाद थाना क्षेत्र के अहमदपुर (बधवा) में शनिवार की शाम तेज गरज, बारिश के दौरान आकाशीय बिजली दुर्गाजी मंदिर के गुम्बज पर गिरने से उसमे बैठें करीब एक दर्जन लोगो में अफरातफरी मच गई, जिससे विनोद चौहान नामक 45 वर्षीय व्यक्ति की मौत हो गयी।


जबकि एक युवक आकाशीय बिजली से बुरी तरह से झुलस गया। ग्रामीणों के अनुसार मंदिर में बैठे कई लोग कुछ देर के लिए बेहोश हो गये।


गृह मंत्रालय की गाइडलाइन्स : 8 जून से धार्मिक स्थल और शॉपिंग मॉल खुलेंगे


कोरोना लॉकडाउन-5 को लेकर केंद्रीय गृह मंत्रालय ने गाइडलाइन्स जारी कर दी है। गृह मंत्रालय की ओर से जारी गाइडलाइन्स में 8 जून से धार्मिक स्थल और सार्वजनिक पूजा स्थल, शॉपिंग मॉल, होटल-रेस्तरां खोलने की अनुमति दे दी गई है। गृह मंत्रालय की ओर से जारी गाइडलाइन्स के मुताबिक कोरोना कंटेन्मेंट जोन में 30 जून तक लॉक डाउन बढ़ा दिया गया है और यहां रात में 9 बजे से लेकर सुबह 5 जबे तक कर्फ्यू भी लगेगा। रात में कर्फ्यू के समय की समीक्षा होगी, पूरे देश में अब रात नौ बजे से सुबह पांच बजे तक लोगों के घूमने-फिरने पर प्रतिबंध होगा।



गृह मंत्रालय की ओर से जारी गाइडलाइन्स में कहा गया है कि राज्यों एवं केंद्र शासित प्रदेशों के साथ विचार-विमर्श कर स्कूल, कॉलेज, शैक्षणिक, प्रशिक्षण, कोचिंग संस्थान खोले जाएंगे। गृह मंत्रालय ने कहा है कि शैक्षणिक संस्थानों को जुलाई से खोलने को लेकर राज्य, केंद्र शासित प्रदेश अभिभावकों, अन्य संबंधित पक्षों से विचार-विमर्श करेंगे। निषिद्ध क्षेत्रों के बाहर प्रतिबंधित गतिविधियों को चरणबद्ध तरीके से खोला जाएगा।


गृहमंत्रालय की ओर से जारी आदेश में कहा गया है कि देश के सभी कंटेनमेंट जोन में लॉकडाउन 30 जून तक जारी रहेगा। कंटेनमेंट जोन की पहचान जिला अधिकारियों के द्वारा की जाएगी। कंटेनमेंट जोन में केवल जरूरी गतिविधियों की छूट रहेगी। कंटेनमेंट जोन में लॉकडाउन नियमों को सख्ती से लागू करने को कहा गया है। मेडिकल इमर्जेंसी के अलावा किसी व्यक्ति को कंटेनमेंट जोन से बाहर जाने या बाहर से से कंटेनमेंट जोन में जाने की इजाजत नहीं होगी। राज्य बफर और जोन की भी पहचान कर सकते हैं। गृहमंत्रालय ने कहा है कि स्थिति को देखते हुए यदि राज्यों को कंटेनमेंट जोन के बाहर कुछ गतिविधियों पर रोक की आवश्यकता महसूस होती है तो वे ऐसा कर सकेंगे।


Friday, May 29, 2020

स्वास्थ्य विभाग में घोटाले की सुगबुगाहट, योगी से जांच की मांग


उत्तर प्रदेश के स्वास्थ्य विभाग में घोटाले की सुगबुगाहट है. स्वास्थ्य मंत्री जय प्रताप सिंह ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को चिट्ठी लिखकर मामले मे जांच करवाने का अनुरोध किया है. स्वास्थ्य मंत्री के आरोपों के मुताबिक, उनके विभाग मे टेंडर पास होने के बावजूद नियमों को दरकिनार कर बगैर प्रक्रिया के पैसे भेजे गए.


 


राष्ट्रीय कैंसर, ह्रदय रोग, मधुमेह एवं स्ट्रोक नियंत्रण एवं रोकथाम कार्यक्रम (NPCDCS) के तहत जिलों मे कई तरह की मुद्रित सामग्री वितरण करने के लिए प्रिंटिग का ठेका टेंडर के माध्यम से दिया जाना था, जिसके लिए पूरी प्रक्रिया होने के बाद एक कंपनी को ठेका दे दिया गया था. मंत्री के आरोपों के मुताबिक, निदेशक स्वास्थ्य मिशन ने बगैर मंजूरी के ये कार्य किया.


 


इससे पहले उत्तर प्रदेश में पावर कारपोरेशन लिमिटेड (यूपीपीसीएल) के पीएफ घोटाले का भी मामला सामने आया था. मामले में सीबीआई ने 2 आईएएस अफसरों से पूछताछ भी की और उनके बयान दर्ज किए. ये अफसर पूर्व प्रमुख सचिव ऊर्जा आलोक कुमार और पूर्व मैनेजिंग डायरेक्टर अपर्णा यू हैं. सूत्रों के मुताबिक, इन दोनों अफसरों से प्रदेश में हुए 22 अरब के पीएफ घोटाले के मामले में कई नियम कायदे कानून के बारे में पूछताछ की गई. वहीं, डीएचएफएल में निवेश करने वाली ब्रोकर फर्मों के बारे में भी सीबीआई ने अफसरों से लिखित जानकारी ली है.


 


दरअसल, पीएफ के पैसे के निवेश का यह घोटाला पिछले साल तब सामने आया था जब ऊर्जा विभाग में काम करने वाले कर्मचारी नेताओं ने यह सवाल उठाया था कि आखिरकार उनके पीएफ का पैसा एक दागी कंपनी में क्यों निवेश किया गया है? मामला बढ़ते देख योगी सरकार ने पहले जांच ईओडब्ल्यू को दी, लेकिन बाद में पूरा मामला सीबीआई को सौंप दिया. सीबीआई ने इस मामले में एफआईआर दर्ज होने के 2 दिन बाद ही विभाग के वित्त निदेशक सुधांशु त्रिवेदी, सचिव पीके गुप्ता और उसके बाद पूर्व एमडी एपी मिश्र को गिरफ्तार कर लिया था.


10 सेकेंड तक थर्राती रही धरती, दिल्ली-NCR में 4.6 तीव्रता का आया भूकंप


देश की राजधानी दिल्ली में एक बार फिर भूकंप के झटके महसूस किए गए हैं. दिल्ली के अलावा कई राज्यों में भूकंप के झटके महसूस किए गए हैं. इस बार रिक्टर स्केल पर भूकंप की तीव्रता 4.6 आंकी गई है.


 


दिल्ली-एनसीआर समेत पंजाब, हरियाणा और उत्तर प्रदेश के कई इलाकों में भूकंप के झटके महसूस किए गए हैं. हरियाणा के रोहतक में भूकंप का केंद्र रहा है. रात 9.08 बजे आए इस भूकंप के झटके करीब 10 से 15 सेकेंड तक महसूस किए गए हैं. इस भूकंप की तीव्रता 4.6 आंकी गई है. वहीं सतह से पांच किलोमीटर अंदर इसकी गहराई बताई जा रही है.


 


दिल्ली में कई बार भूकंप


 


पिछले कुछ दिनों में देश की राजधानी में कई बार भूकंप के झटके महसूस किए गए हैं. 15 मई को दिल्ली में भूकंप का झटका महसूस किया गया. हालांकि, रिक्टर स्केल पर भूकंप की तीव्रता केवल 2.2 थी. इससे पहले 10 मई को दोपहर में करीब 1.45 बजे भूकंप के झटके महसूस किए गए थे. रिक्टर पैमाने पर इसकी तीव्रता 3.5 बताई जा रही थी.


 


अप्रैल के महीने में भी दिल्ली में भूकंप के झटके महसूस किए गए. 12 और 13 अप्रैल को भी दिल्ली में भूकंप के झटके महसूस किए गए थे. 12 अप्रैल को आए भूकंप की तीव्रता 3.5 थी, जबकि 13 अप्रैल को आए भूकंप की तीव्रता रिक्टर स्केल पर 2.7 थी. दोनों भूकंप के झटकों का केंद्र दिल्ली ही था.


Thursday, May 28, 2020

प्रवासी मजदूरों को भेंट किया जलपान सामग्री


Gonda: लाकडाउन के चलते प्रवासी मजदूरों का दूसरे प्रदेशों से आने का सिलसिला बादसतूर जारी है। भूंखे प्यासे मजदूरों के लिए जमुनियाबाग के विधायक चौराहे पर मुगलजोत युवा समिति की ओर से लिए जलपान की व्यवस्था की गयी। मजदूर ट्रेन से गोण्डा स्टेशन पर उतरते हैं और फिर प्रशासन उन मजदूरों की मेडिकल प्रक्रिया पूरा कर उन्हें बस से उनके घर पहुंचाती हैं। फैजाबाद हाईवे पर गुरुवार को विधायक चौराहे पर इन्हीं मजदूरों के लिए ठण्डा पानी, बिस्किट, छाछ, केला, खीरा की व्यवस्था की गयी।



बसों से घर जाने वाले मजदूरों को यह जलपान सामग्री का भेंक किया गया। भूंखे प्यासे मजदूर इन खाने पीने की सामानों को पाकर बेहद खुश हुए। डाक्टर अकरम खां, बहुजन समाज पार्टी के युवा नेता तारिक खां, एलबीएस डिग्री कालेज के पूर्व छात्र नेता मोहम्मद वसीम, अजमल, सुनैद, तौसीफ खां, सद्दाम हुसैन , मोहम्मद आजम, महफूज, अरशद मुगलजोत, बाबू भाई, बबलू, अजमल मीने, रिजवान, इबरार अहमद , इसहाक अहमद ने सहयोग किया।



BJP प्रवक्ता संबित पात्रा में कोरोना के लक्षण दिखे, मेदांता अस्पताल में भर्ती


भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के राष्ट्रीय प्रवक्ता संबित पात्रा को गुरुग्राम के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है. बताया जा रहा कि संबित पात्रा में कोरोना के लक्षण दिखने के बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है. पात्रा के अस्पताल में भर्ती होने पर बीजेपी नेता ज्योतिरादित्य सिंधिया और तेजिंदर पाल सिंह बग्गा ने ट्वीट कर उनके शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की है. संबित पात्रा की गिनती बीजेपी के तेजतर्रार प्रवक्ताओं में होती है. वह सोशल मीडिया पर भी एक्टिव रहते हैं. न्यूज एजेंसी पीटीआई के मुताबिक संबित पात्रा में कोरोना के लक्षण पाए गए हैं! 


बीजेपी नेता ज्योतिरादित्य सिंधिया ने ट्वीट किया कि संबित पात्रा के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करते हैं. वहीं, तेजिंदर पाल सिंह बग्गा ने भी बीजेपी प्रवक्ता के जल्द ठीक होने की कामना की! 


गौरतलब है कि भारत में अब तक 1 लाख 58 हजार से अधिक लोग कोरोना की चपेट में आ चुके हैं और 4500 से अधिक लोगों की मौत भी हो चुकी है. वहीं 67 हजार से अधिक लोग अबतक इस बीमारी से ठीक भी हो चुके हैं. देश में पिछले 24 घंटे में 6566 कोरोना संक्रमितों की संख्या बढ़ गई और 194 मरीजों की मौत हो गई! 


नेहरु के आखिरी कुछ दिन


अपने निधन के ठीक पांच दिन पूर्व जवाहरलाल नेहरु ने प्रेस कॉन्फ्रेंस की थी| लम्बे सार्वजानिक जीवन की अंतिम (22 मई 1964) थी| उस शुक्रवार को उनकी काबीना के सूचना, प्रसारण एवं संसदीय कार्य मंत्री डॉ. सत्यनारायण सिन्हा काफी आकुल थे| प्रधान मंत्री का स्वास्थ्य क्लांत था| फालिज का अंदेशा था| सभागार में जमा करीब दो सौ संवाददाता कई प्रश्न पूछने को उतावले थे| पहला प्रश्न कश्मीर पर था| प्रधान मंत्री ने ऐलान किया कि जेल से रिहा किये गए शेख मोहम्मद अब्दुल्ला “परसों इस्लामबाद जा रहे हैं| मार्शल मोहम्मद अयूब खान से वार्ता करेंगे|” फिर कुछ अन्य विषयों पर भी सवाल हुए| उनमें अंतिम था कि : “पण्डित जी, आपने रिटायरमेंट के बारे में क्या सोचा है?” उत्तर सधा हुआ था : “जब भी यह प्रश्न पूछा जाता है, मैं रिटायरमेंट की सोचने लगता हूँ !” अगला जुड़ा हुआ प्रश्न था: “आराम करने कहीं पहाड़ पर जा रहे हैं क्या ?” नेहरु का जवाब था: “कल देहरादून जाऊंगा|” मगर गढ़वाल हिमालय से वे शीघ्र दिल्ली लौट आये| फिर 27 मई की प्रातः 4:30 बजे उनके ह्रदय की महाधमनी (Aorta) फट गई| कठिनाई से सांस लेते रहे| अपरान्ह 1:20 बजे, बुधवार 27 मई, वे चल बसे|


 


नास्तिक नेहरु अंतिम महीनों में आस्था और अनास्था के दरम्यान डोल रहे थे| अतः सत्यनारायण बाबू जो अपनी फितरतों के लिए विख्यात थे, पिछले साल भर से प्रधान मंत्री के दिल में प्राच्य विज्ञान के प्रति लगाव सर्जा रहे थे| आयुर्वेद को नेहरु भरोसेमंद नहीं मानते थे | मगर तब सेवन करने लगे थे| हालाँकि शीर्षासन बंद कर दिया था|


 


नेहरू की ज्योतिष में रूचि पैदा करने में सत्यनारायण बाबू कई संयोगों के कारण सफल हुए| पहला इत्तिफाक था मौलाना अबुल कलाम आजाद की अकस्मात् मौत का| हिन्दुस्तान टाइम्स के संपादक रहे दुर्गा दास की किताब “इंडिया फ्रॉम कर्जन टू नेहरू एण्ड आफ्टर” (रूपा प्रकाशन 1981, पृष्ठ 375) में मौलाना आजाद की मृत्यु का उल्लेख है| सत्यनारायण बाबू ने नेहरु से कहा था कि एक भविष्यवक्ता ने उनके स्नानागार में गिरने के बाद मौलाना का निधन निकट बताया है| नेहरु ने उन्हें झिड़का कि “विधान बाबू (डॉ. विधानचन्द्र राय, पश्चिम बंगाल के मुख्य मंत्री) ने मौलाना की जांच की और बताया कि वे खतरे से बाहर हैं|” पर आजाद चौथे दिन जन्नतनशीन हो गये| सत्यनारायण बाबू की विनय पर कि नेहरु की जन्मकुंडली ज्योतिषी को दिखा दी जाय, प्रधान मंत्री ने डांट लगायी| पर गुलजारीलाल नंदा के आग्रह पर नेहरु राजी हो गये| ज्योतिषी ने बताया कि चीन भारत पर हमला करेगा| दूसरा पूर्वानुमान था कि प्रधान मंत्री का कोई इष्ट मित्र उन्हें धोखा देगा| वीके कृष्ण मेनन, रक्षा मंत्री, लगातार पाकिस्तान द्वारा हमले की आशंका जता रहे थे| चीन के प्रति आश्वस्त थे| दोनों भविष्यवाणियाँ सच हुईं| जब मई 1964 को नेहरु भुवनेश्वर की यात्रा से लौट आये थे तो एक पण्डित ने कालकाजी मन्दिर (दिल्ली) में महामृत्युंजय पाठ कराया था| रोज शाम तीन मूर्ति भवन आकर पुजारीजन नेहरु के माथे पर लाल तिलक लगाते थे| हालाँकि निश्चयात्मक तरीके से बता दिया गया था कि नेहरु जी मई का अंत नहीं देख पाएंगे| नेहरु के साथ 1925 से आजीवन परिचित रहे दुर्गा दास ने लिखा (पृष्ठ 376) कि नेहरु का भविष्य वक्ताओं की ओर आखिरी दिनों में आकृष्ट होना उन्हें खुद अचंभित करता था|


 


 यहाँ मेरे अपने अनुभव का भी जिक्र मैं कर दूं| नेहरू सच्चे सोशलिस्टों की भांति अनीश्वरवादी और भौतिकवादी रहे| लखनऊ के दैनिक “नेशनल हेराल्ड” के चेयरमैन होने के नाते वे यदा कदा संपादक (मेरे पिता स्व. के. रामा राव) के निवास (दीक्षित बिल्डिंग, नजरबाग) पर आया करते थे| (अब वह सड़क “के. रामा राव मार्ग” कहलाती है|) नेहरु का बच्चों से अतीव स्नेह रहा था| वे चाचा कहलाते थे| इसी सिलसिले में बम्बई की घटना बता दूं| अपने जीवन में आल इंडिया कांग्रेस कमेटी (AICC ) के अंतिम अधिवेशन में शामिल होने महाराष्ट्र की राजधानी नेहरु आये| उत्तर मुंबई के दक्षिण भारतीय-बहुल माटुंगा में षड्मुखानन्द सभागार में 14 मई 1964 के दिन अधिवेशन था| समीप के ब्राह्मणवाडा रोड पर मैं रहता था| टाइम्स ऑफ़ इंडिया के चीफ रिपोर्टर वी. नागभूषण राव ने मुझे एक रपट तैयार करने को कहा| तब उत्तर प्रदेश तथा पंजाब के भूभाग को काट कर नया हिंदीभाषी राज्य हरियाणा प्रस्तावित था| मुझे उत्तर प्रदेश के कांग्रेसी नेताओं का अभिमत संकलित करना था| तभी पं. कमलापति त्रिपाठी, हेमवती नंदन बहुगुणा, बाबू बनारसी दास, चरण सिंह आदि से साक्षात्कार हुआ।


 


भव्य मंच के समीप मैं मंडराता रहा| हमेशा की भांति मसनद को टेककर पद्मासन में बैठने के बजाय, नेहरु एक कुर्सी पर विराजे थे| थके, पस्त दिख रहे थे| तभी एक बालक उनके पास ऑटोग्राफ के लिए आया| किसी नेता का पुत्र था| नेहरु ने उस बालक को न छुआ, न चूमा, न आशीर्वाद दिया| शुष्क रहे| मैंने साथियों से चर्चा की कि “14 नवम्बर (बाल दिवस) वाले चाचा नेहरु” अब निश्शेष लग रहे हैं| भुवनेश्वर में हुए पक्षाघात का प्रभाव दिख रहा था| बस तेरहवें दिन वे चले गए|


 


 बुधवार, 27 मई 1964, अविस्मर्णीय रही| हम तीन पत्रकार साथी मुंबई में एक टैक्सी से गेटवे ऑफ़ इंडिया जा रहे थे| साप्ताहिक अवकाश का दिन था| दोपहर का समय था| एलिफेंटा तक समुन्दरी सैर का इरादा था| दादाभाई नवरोजी रोड पर से हम गुजरे| फ्लोरा फाउंटेन के पास मैंने देखा पीटीआई ऑफिस की बालकोनी पर तिरंगा आधा झुका था| तत्काल मैंने टैक्सी घुमवाई| वापस दफ्तर (टाइम्स ऑफ़ इंडिया) आये| लोकसभा में कुछ देर पूर्व ही वित्त मंत्री सी. सुब्रह्मण्यम ने रुंधे गले से प्रधान मंत्री के निधन की सूचना दी थी| चीफ रिपोर्टर ने काम सौंपा कि मुम्बई में बसे उत्तर प्रदेश के प्रमुख नागरिकों का संदेशा मुझे संकलित करना है | पण्डित राममनोहर त्रिपाठी ने बड़ी मदद की| वे नवभारत टाइम्स के प्रिय समाचार स्रोत थे| महाराष्ट्र कांग्रेस काबीना में मंत्री रह चुके थे| तभी धर्मयुग के संपादक डॉ. धर्मवीर भारती ने अपने साप्ताहिक में विशेष श्रद्धांजलि लेख मुझसे लिखवाया था|


 


उस दौर में कई पत्रकार साथियों ने बताया कि डॉ. राममनोहर लोहिया ने नेहरु के निधन पर कोई शोक संवेदना नहीं व्यक्त की| यह भ्रामक है, असत्य है| लोहिया मई 1964 में जैक्सन नगर (मिसीसिपी प्रदेश, दक्षिणी अमेरिका) के एक रेस्तरां में अश्वेतों पर लगे प्रवेश निषेध का विरोध करने पर गिरफ्तार किये गए थे| अमरीकी जेल में थे | इस वारदात पर राष्ट्रपति लिंडन जॉनसन ने डॉ. लोहिया से क्षमा याचना भी की थी| पर लोहिया ने अपील की कि समतामूलक लोकतंत्र में इस नस्लभेद पर स्टेच्यू ऑफ़ लिबर्टी (स्वतंत्रता की देवी) से राष्ट्रपति क्षमा याचना करें| भारत वापस आने पर डॉ. लोहिया ने नेहरु की मृत्यु पर हार्दिक शोक व्यक्त किया| उनके शब्द थे : “यदि बापू मेरा सपना थे, तो जवाहरलाल मेरी अभिलाषा|” पत्रकारों ने विस्तृत (नमकीन) संदेशा माँगा तो लोहिया ने कहा कि छः माह तक वे नेहरु पर कुछ नहीं बोलेंगे| पर प्रेस की जिद पर लोहिया बोले : “नेहरु ने अपनी संपत्ति अपने परिवार को दे दी| भस्म देश को दिया|” नेहरु ने वसीयत में लिखा था कि उनका शव दहन हो और राख आसमान से भारत के खेतों में बिखराया जाय|” आनंद भवन पुत्री को दे दिया|


Report @ के. विक्रम राव ✍🏻


 


दुश्मनी छोड़ दोस्ती पर आया चीन, राजदूत ने कहा ‘हाथी और ड्रैगन’ एक साथ कर सकते हैं डांस


नई दिल्ली/बीजिंग: सीमा विवाद पर भारत के कड़े तेवर देखकर चीन के मिजाज में एकदम से नरमी आ गई है. चीन अब चाहता है कि दोनों देश मतभेदों को ज्यादा अहमियत न देते हुए बातचीत से समाधान तलाशें. भारत में चीन के राजदूत सुन वीडोंग (Sun Weidong) ने कहा कि ‘ड्रैगन और हाथी’ का एकसाथ नाचना, भारत और चीन के लिए एकमात्र सही विकल्प है. युवा नेताओं के साथ ज़ूम पर बातचीत करते हुए चीनी राजदूत ने कहा, चीनी ‘ड्रैगन’ और भारतीय ‘हाथी’ एक साथ नाच सकते हैं और यही दोनों के लिए सबसे अच्छा विकल्प है. इतना ही नहीं, उन्होंने यह भी कहा कि चीन और भारत साथ मिलकर COVID-19 के खिलाफ लड़ रहे हैं और हमारे लिए ये भी महत्वपूर्ण टास्क है कि हम अपने रिश्तों को मजबूत रखें.  हमारे युवाओं को ये अहसास होना चाहिए कि दोनों देशों चीन और भारत के बीच रिश्ते एक दूसरे के लिए नए अवसरों को खोलेंगे और हम एक दूसरे के लिए खतरा नहीं हैं.  


 


चीनी राजदूत ने कहा है कि भारत और चीन एक दूसरे के दुश्मन नहीं, बल्कि एक दूसरे के लिए अवसर हैं. भारत और चीन दोनों ही मिलकर कोरोना वायरस (Corona virus) से लड़ रहे हैं. दोनों देशों के बीच जो मतभेद हैं. उनका असर संबंधों पर नहीं पड़ना चाहिए. दोनों देशों को बातचीत के जरिए मतभेदों को सुलझाना चाहिए.



चीन के मिजाज में यह बदलाव भारत के कड़े रुख और अमेरिका द्वारा मध्‍यस्‍थता की पेशकश के बाद आया है. अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने बुधवार को अचानक भारत और चीन के बीच सीमा विवाद में मध्यस्थता करने की पेशकश की और कहा कि वह दोनों पड़ोसी देशों की सेनाओं के बीच जारी गतिरोध के दौरान तनाव कम करने के लिए ‘तैयार, इच्छुक और सक्षम’ हैं. ट्रंप ने पहले कश्मीर मुद्दे पर भारत और पाकिस्तान के बीच भी मध्यस्थता की पेशकश की थी, लेकिन नई दिल्ली ने इस प्रस्ताव को खारिज कर दिया था. भारत का कहना है कि द्विपक्षीय संबंधों में तीसरे पक्ष की कोई भूमिका नहीं है.


 


अचानक आया अमेरिकी प्रस्ताव


 


अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप (Donald Trump) ने बुधवार सुबह ट्वीट किया, ‘हमने भारत और चीन दोनों को सूचित किया है कि अमेरिका उनके इस समय जोर पकड़ रहे सीमा विवाद में मध्यस्थता करने के लिए तैयार, इच्छुक और सक्षम है. धन्यवाद’. ट्रंप के इस अनपेक्षित प्रस्ताव से एक सप्ताह पहले एक वरिष्ठ अमेरिकी राजनयिक ने चीन पर भारत के साथ सीमा पर संघर्ष में शामिल होने का आरोप लगाया था, ताकि यथास्थिति को बदला जा सके. दक्षिण एशिया के लिए शीर्ष अमेरिकी राजनयिक एलिस जी वेल्स ने भारत को चीन के आक्रामक रुख का विरोध करने के लिए भी प्रोत्साहित किया था. उन्होंने सेवानिवृत्त होने से कुछ दिन पहले 20 मई को अटलांटिक काउंसिल में कहा था कि अगर आप दक्षिण चीन सागर की तरफ देखें तो यहां चीन के परिचालन का एक तरीका है और यह सतत उग्रता है तथा यथास्थिति को बदलने, नियमों को बदलने की लगातार कोशिश है. चीन ने अगले दिन वेल्स के बयान को बेतुका कहकर खारिज कर दिया था.  


 


गौरतलब है कि करीब 3,500 किलोमीटर वास्तविक नियंत्रण रेखा (LAC) भारत और चीन के बीच वस्तुत: सीमा है. एलएसी पर लद्दाख और उत्तरी सिक्किम में अनेक क्षेत्रों में भारत और चीन दोनों की सेनाओं ने हाल ही में सैन्य निर्माण किये हैं. जिसे लेकर दोनों आमने-सामने हैं. लेकिन चीन ने बुधवार को एक तरह से सुलह वाले अंदाज में कहा कि भारत के साथ सीमा पर हालात कुल मिलाकर स्थिर और नियंत्रण में हैं तथा दोनों देशों के पास संवाद और परामर्श के माध्यम से मुद्दों को सुलझाने के लिए उचित प्रणालियां और संचार माध्यम हैं.


 


*भारतीय सेना के कमांडरों की बैठक शुरू*


 


इस बीच सीमा पर तनातनी के मद्देनजर भारतीय सेना के कमांडरों का सम्मेलन बुधवार को नई दिल्ली में शुरू हो गया है, जहां सिक्किम, लद्दाख और अरुणाचल प्रदेश में चीन की सीमा के संबंध में गहन चर्चा की जाएगी. पूर्वी लद्दाख क्षेत्र में चीन के साथ तनाव से पहले इस सम्मेलन की योजना बनाई गई थी. सेना प्रमुख जनरल मनोज मुकुंद नरवने सम्मेलन की अध्यक्षता कर रहे हैं. भारतीय सेना के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि बल के शीर्ष कमांडर बैठक में भाग ले रहे हैं. इस बैठक में लद्दाख में चीन के कारण उपजे हालात सहित सभी सुरक्षा मुद्दों पर चर्चा होगी.


 


आर्मी कमांडर्स कांफ्रेंस महत्वपूर्ण नीतिगत निर्णयों के लिए होता है, जिसमें शीर्ष स्तर के अधिकारी शामिल होते हैं. यह अप्रैल 2020 के लिए निर्धारित था, मगर कोविड-19 महामारी के कारण स्थगित हो गया था. इसे अब दो चरणों में आयोजित किया जाएगा. सम्मेलन का पहला चरण बुधवार को शुरू हुआ और 29 मई, 2020 तक जारी रहेगा. इसके बाद दूसरा चरण जून 2020 के अंतिम सप्ताह में शुरू होगा.


 


भारतीय सेना का शीर्ष स्तर का नेतृत्व मौजूदा उभरती सुरक्षा और प्रशासनिक चुनौतियों पर विचार-मंथन करेगा और भारतीय सेना के लिए भविष्य के पाठ्यक्रम को निर्धारित किया जाएगा. इसमें सेना कमांडरों और वरिष्ठ अधिकारियों सहित कॉलेजिएट प्रणाली के माध्यम से निर्णय लिया जाता है. साउथ ब्लॉक में शुरू पहले चरण के सम्मेलन दौरान, परिचालन और प्रशासनिक मुद्दों से संबंधित विभिन्न पहलुओं जिसमें रसद और मानव संसाधन से संबंधित अध्ययन शामिल हैं, पर चर्चा की जाएगी. इसमें चीन के साथ वास्तविक नियंत्रण रेखा के साथ उभरती स्थिति भी शामिल है.


Wednesday, May 27, 2020

कोविड-19 के कारण भारत में 18,000 लोगों की हो सकती है मौत : एक्सपर्ट


नई दिल्ली, 27 मई। भारत में जुलाई माह की शुरुआत में कोविड-19 के मामले चरम पर पहुंचने की आशंका है और इस वैश्विक महामारी के कारण भारत में 18,000 लोग जान गंवा सकते हैं। एक महामारी एवं लोक स्वास्थ्य विशेषज्ञ ने यह कहा है। सेंटर फॉर कंट्रोल ऑफ क्रॉनिक कंडिशन्स (सीसीसीसी) के निदेशक प्रो डी. प्रभाकरण ने कहा कि देश में यह महामारी बढ़ने की दिशा में है।


प्रभाकरण ब्रिटेन में लंदन स्कूल ऑफ हाइजिन ऐंड ट्रॉपिकल मेडिसिन में महामारी विज्ञान विभाग में प्रोफेसर भी हैं। महामारी विशेषज्ञ ने कहा कि भारत में कोरोना वायरस के सर्वाधिक मामले जुलाई में सामने आ सकते हैं। उन्होंने बुधवार को बताया कि यह विभिन्न शोधों के आधार पर और अन्य देशों में इस महामारी के बढ़ने और घटने का आकलन पर आधारित है।


उन्होंने कहा कि हमारे यहां चार से छह लाख मामले संक्रमण के हो सकते हैं और औसत मृत्यु दर तीन फीसदी रह सकती है, जो (भारत में कोविड-19 के कारण मौत) करीब 12,000-18,000 होगी। प्रभाकरण ने कहा कि सीमित डेटा को देखने पर ऐसा लगता है कि यहां मृत्युदर कम है लेकिन क्या वास्तव में ऐसा है, यह तो महामारी के खत्म होने पर ही पता चल पाएगा।


इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ पब्लिक हैल्थ, हैदराबाद में निदेशक प्रो. जी.वी.एस. मूर्ति ने कहा कि दक्षिण एशिया क्षेत्र में मृत्युदर सबसे कम श्रीलंका में है जो प्रति दस लाख पर 0.4 है। भारत, सिंगापुर, पाकिस्तान, बांग्लादेश और मलेशिया में प्रति दस लाख की आबादी पर मृत्युदर एक सी कम है। हां, यह कहना मुश्किल है कि इन देशों में मृत्युदर कम क्यों है। उनके मुताबिक ऐसा हो सकता है कि इन देशों ने महामारी की शुरुआत में सामुदायिक लॉकडाउन शुरू कर दिया था जो मृत्युदर कम होने की वजह हो सकती है। जबकि यूरोप और अमेरिका ने ऐसे कदम देर से उठाए।


 


प्रो. मूर्ति ने बताया कि दुनियाभर और भारत के रूझानों को देखें तो पता चलता है कि 60 वर्ष और अधिक आयु के लोगों में मृत्युदर सबसे ज्यादा है। भारत में कोविड-19 के कारण जिन लोगों की मौत हुई उनमें से 50 फीसदी की उम्र 60 वर्ष या अधिक थी।


श्रमिक ट्रेनों के चार यात्रियों की मौत


बलिया-कानपुर  27 मई : श्रमिक स्पेशल ट्रेनों के चार यात्रियों की मौत हुई है। मडगाव से प्रवासियों को लेकर दरभंगा (बिहार) जा रही श्रमिक स्पेशल ट्रेन में सवार एक बीमारी यात्री की बलिया के अस्पताल में बुधवार को मौत हो गई। वहीं बलिया में ही सूरत-हाजीपुर श्रमिक स्पेशल ट्रेन में एक अन्य श्रमिक मृत मिला। कानपुर में झांसी-गोरखपुर श्रमिक ट्रेन में दो यात्री मृत मिले।


 


मडगाव से प्रवासियों को लेकर दरभंगा (बिहार) जा रही श्रमिक स्पेशल एक्सप्रेस ट्रेन के एक बीमार यात्री की बुधवार को बलिया में मौत हो गई।


 


अपर पुलिस अधीक्षक संजय यादव के अनुसार मडगाव से प्रवासियों को लेकर दरभंगा (बिहार) जा रही श्रमिक स्पेशल एक्सप्रेस ट्रेन मंगलवार देर शाम बलिया पहुँची। इस ट्रेन से नेपाल के जनकपुर के थाना दुभी के रहने वाले शोभरन कुमार (28) सफर कर रहे थे। उसकी तबीयत खराब थी और रेलवे के डॉक्टर ने उसकी जांच की और हालत नाजुक होने पर उसे जिला अस्पताल पहुंचाया गया, जहां आज बुधवार को उसकी मौत हो गई।


 


इसके पूर्व सूरत हाजीपुर श्रमिक स्पेशल एक्सप्रेस ट्रेन में मंगलवार शाम एक यात्री बलिया में मृत मिला था। मृतक के पास से मिले परिचय पत्र के जरिये उसकी पहचान भूषण सिंह (58) निवासी जिला सारण, बिहार के रूप में हुई है। पुलिस ने दोनों शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।


 


इस बीच कानपुर में झांसी-गोरखपुर श्रमिक ट्रेन में दो प्रवासी यात्री मृत पाये गये।


 


कानपुर सेंट्रल रेलवे पुलिस के थानाध्यक्ष राम मनोहर राय ने बताया कि मृतकों से एक की पहचान राम अवध चौहान (45) निवासी आजमगढ़ के रूप में हुई है जबकि दूसरे की पहचान अभी तक नहीं हो पायी है।


 


उन्होंने बताया कि दोनों शव पोस्टमार्टम के लिये भेज दिये गये हैं तथा कोरोना वायरस संक्रमण की जांच के लिये नमूने ले लिये गये हैं।


वायुसेना ने एलसीए तेजस को शामिल किया

 


कोयंबटूर (तमिलनाडु), 27 मई। भारतीय वायुसेना ने बुधवार को पहला हल्का लड़ाकू विमान (एलसीए) तेजस एफओसी (फाइनल ऑपरेशनल क्लीयरेंस) मानक शामिल किया और शहर के बाहरी हिस्से सुलूर में स्थित वायुसेना केंद्र में 18 वीं स्क्वाड्रन ‘‘फ्लाइंग बुलेट्स‘‘ का संचालन किया।



तेजस एमके-1 को शामिल करने के मौके पर अंतर-धार्मिक प्रार्थना भी हुई। यह विमान बेंगलुरु स्थित हिंदुस्तान एयरोनॉटिकल लिमिटिड (एचएएल) ने बनाया है। इसके अध्यक्ष और प्रबंध निदेशक आर माधवन ने विमान के कागजात वायुसेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल आर के एस भदौरिया को सौंपे।


तेजस को शामिल करने के दौरान नारियल भी तोड़ा गया।


भदौरिया ने पहले एलसीए तेजस एमके-1 एफओसी की चाबी ग्रुप कैप्टन मनीष तोलानी को सौंपी जो सुलूर के वायु सेना स्टेशन में नंबर 18 स्क्वाड्रन के कमांडिंग अधिकारी है।


 


इससे पहले, भदौरिया ने इनिशियल क्लीयरेंस ऑपरेशन (आईओसी) विमान उड़ाया जो वायुसेना की 45वीं स्क्वॉड्रन का हिस्सा है।


 


तेजस चौथी पीढ़ी का एक स्वदेशी टेललेस कंपाउंड डेल्टा विंग विमान है। 45वीं स्क्वाड्रन के बाद 18वीं स्कवाड्रन दूसरी टुकड़ी है जिसके पास स्वदेश निर्मित तेजस विमान है।


 


यह फ्लाई-बाय-वायर विमान नियंत्रण प्रणाली, इंटीग्रेटेड डिजिटल एवियोनिक्स, मल्टीमॉड रडार से लैस है और इसकी संरचना कंपोजिट मैटेरियल से बनी है।


 


यह चौथी पीढ़ी के सुपरसोनिक लड़ाकू विमान के समूह में ‘‘सबसे हल्का और छोटा’’ विमान भी है।1965 में गठित 18वीं स्क्वाड्रन पहले मिग 27 विमान उड़ाती थी।


इस स्क्वाड्रन ने पाकिस्तान के साथ 1971 के युद्ध में ‘‘सक्रिय रूप से भाग’’ लिया था।


सुलूर में इस साल एक अप्रैल को इस स्क्वाड्रन का ‘‘पुनर्गठन’’ किया गया।


 


अपने संबोधन में भदौरिया ने उद्योग से भारतीय वायुसेना की आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए मिलकर काम करने का आग्रह किया।


 


नए संस्करण की डिजाइनिंग और निर्माण में शामिल वैज्ञानिकों और अन्य लोगों की सराहना करते हुए, उन्होंने कहा कि तेजस का यह मॉडल अब दुनिया में इस वर्ग में सबसे अच्छा है।


 


वायुसेना प्रमुख ने कहा कि कोविड-19 की स्थिति की वजह से यह विमान मिलने में देरी हुई। अब वायुसैनिकों की जिम्मेदारी है कि वह इसका इस्तेमाल करें।


 


उन्होंने कहा कि वायुसेना को 83 एलसीए की जरूरत है।


 


माधवन ने कहा कि एचएएल अगले 36 महीनों में 16 तेजस एफओसी की आपूर्ति वायुसेना को करेगा।


 


उन्होंने बताया कि वायुसेना ने 20 आईओसी मानक विमान और 20 एफओसी मानक विमान का ऑर्डर दिया था।


 


इस बीच वायुसेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल आर के एस भदौरिया ने बुधवार को सुलूर वायुसेना स्टेशन पर एक सीट वाला हल्का तेजस विमान उड़ाया।


 


अधिकारियों ने बताया कि तेजस विमान विकसित करने वाली टीम में शामिल रहे भदौरिया ने विमान उड़ाया, जो वायुसेना की 45वीं स्क्वॉड्रन का हिस्सा है।


 


तेजस को वैमानिकी विकास एजेंसी और हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड (एचएएल) द्वारा विकसित किया गया है। जेट का जीवनकाल किसी भी अन्य फ्रंट-लाइन लड़ाकू विमान की तरह न्यूनतम 30 वर्ष होगा।


उत्तर प्रदेश- 24 घंटे में कोरोना के 277 नए मामले, अब तक 178 की मौत


लखनऊ,27 मई । उत्तर प्रदेश में बीते 24 घंटे में कोरोना वायरस संक्रमण के 277 नए मामले हैं। इसके साथ ही राज्य में कुल संक्रमितों की संख्या बढ़कर 6823 हो गई है। बुधवार को उत्तर प्रदेश के प्रमुख स्वास्थ्य सचिव अमित मोहन प्रसाद ने बताया कि वर्तमान में कोविड 19 के 2790 एक्टिव पेशेंट हैं, जिनका अलग-अलग अस्पतालों में इलाज चल रहा है।


Report @ Zeba Mirza


इटावा: बेटी की शादी के लिए जा रहे थे परिजन, ट्रक की चपेट में आने से बोलेरो बोलेरो सवार मां और दो बेटों की मौत, पांच गंभीर


इटावा। जिले के हाईवे पर हादसो का सिलसिला थम नहीं रहा है। बुधवार को तड़के बकेवर के पास नेश्नल हाईवे पर बड़ा हादसा हो गया, ट्रक में बोलेरो टकराने से मां व दो बेटों की मौत हो गई, जबकि पांच लोग गंभीर रूप से जख्मी हुए हैं। घायलों को पुलिस ने अस्पताल में भर्ती कराया है। बोलेरो सवार बेटी की शादी के लिए छत्तीसगढ़ से कासगंज जा रहे थे। मूलरूप से कासगंज के धरना निनावा गांव के रहने वाले राजाराम राजपूत छत्तीसगढ़ के राजनाद मे परिवार के साथ रहते हैं और कपड़े की फेरी लगाने का काम करते है। लॉकडाउन के चलते वह परिवार के साथ राजनाद में थे। 12 जून को पुत्री आरती की शादी होनी है। इसके चलते राजाराम परिवार के साथ बोलेरो से कासगंज अपने गांव के लिए जा रहे थे। 


    बुधवार को तड़के सवा तीन बजे बकेवर थाना क्षेत्र के ग्राम परसुपुरा के सामने नेशनल हाईवे पर बोलेरो अचानक अनियंत्रित होकर ट्रक में जा टकराई। मूलरूप से कासगंज के धरना निनावा गांव के रहने वाले राजाराम राजपूत छत्तीसगढ़ के राजनाद मे परिवार के साथ रहते हैं और कपड़े की फेरी लगाने का काम करते है। लॉकडाउन के चलते वह परिवार के साथ राजनाद में थे। 12 जून को पुत्री आरती की शादी होनी है। इसके चलते राजाराम परिवार के साथ बोलेरो से कासगंज अपने गांव के लिए जा रहे थे। बुधवार की भोर पहर करीब सवा तीन बजे बकेवर थाना क्षेत्र के ग्राम परसुपुरा के सामने नेशनल हाईवे पर बोलेरो अचानक अनियंत्रित होकर ट्रक में जा टकराई। हादसे में बोलेरो सवार राजाराम की 45 वर्षीय पत्नी रेखा, 18 वर्षीय पुत्र पंकज और 13 वर्षीय पुत्र बंटी की मौके पर मौत हो गई, वहीं राजाराम, दो पुत्रियां व चालक सहित पांच लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। राहगीरों ने घटना की सूचना पुलिस को दी तो थाना प्रभारी निरीक्षक बचन सिंह पुलिस फोर्स लेकर पहुंच गए। उन्होंने घायलों को बाहर निकालकर अस्पताल भिजवाया और क्रेन बुलाकर बोलेरो को हाईवे से किनारे कराया। पुलिस के अनुसार राजाराम 25 साल से छत्तीसगढ़ में रहकर कारोबार कर रहा है, बेटी की शादी के लिए गांव जा रहा था। प्रथम दृष्टया बोलेरो की ब्रेक फेल होने से हादसा होने की बात सामने आई है।


कोरोना: देश में संक्रमितों की संख्या 1.5 लाख के पार, आज भी 6 हज़ार से अधिक केस सामने आए, अब तक 4337 की मौत


राज्यों से कोरोना वायरस के 6,000 से ज्यादा मामले आने के साथ ही बुधवार को संक्रमित लोगों की संख्या 1.5 लाख से ज्यादा हो गई है. सरकार ने कहा है कि संक्रमण से ठीक होने की दर भी अब 42 प्रतिशत से अधिक हो गई है. वहीं, देशभर में मृतकों की संख्या भी बढ़कर 4,337 हो गई है. केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के आंकड़ों के मुताबिक, 64,000 लोग ठीक हो चुके हैं या उन्हें छुट्टी मिल चुकी है और 83,000 से ज्यादा लोगों का इलाज चल रहा है. सुबह के अपडेट में मंत्रालय ने बताया कि मंगलवार सुबह आठ बजे से 24 घंटे में संक्रमण के 6,387 मामले और 170 मौतों के साथ देशभर में संक्रमण के कुल मामले 1,51,767 हो गए हैं और कुल 4,337 लोगों की मौत हुई है. स्वास्थ्य मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया, ‘‘अब तक करीब 42.45 प्रतिशत मरीज ठीक हो चुके हैं.’’


राष्ट्रीय राजधानी में एक दिन में सबसे अधिक 792 नए मामले सामने आने से संक्रमित लोगों की संख्या 15,257 हो गयी . दिल्ली में मृतकों की संख्या 303 हो चुकी है. तमिलनाडु में भी एक दिन में सर्वाधिक 817 नए मामले सामने आए. इसमें ऐसे लोग भी हैं जो दूसरे राज्यों से लौटे हैं. राज्य में संक्रमित लोगों की संख्या 18,545 हो गई. संक्रमण से छह और लोगों की मौत के साथ मृतकों की संख्या 133 हो गई. महाराष्ट्र, गुजरात, राजस्थान, उत्तराखंड, पश्चिम बंगाल, त्रिपुरा, असम, ओडिशा, कर्नाटक, केरल और आंध्रप्रदेश समेत विभिन्न राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों से नए मामले सामने आए. केरल में 40 लोगों में संक्रमण की पुष्टि के बाद कोविड-19 के मामले 1,000 से ज्यादा हो चुके हैं. केरल के मुख्यमंत्री पिनराई विजयन ने कहा कि वर्तमान में विभिन्न अस्पतालों में 445 लोगों का उपचार चल रहा है जबकि 1.7 लाख लोग निगरानी में हैं . राज्य में 552 लोग संक्रमण से ठीक हो गए हैं और छह लोगों की मौत हुई है! 


Tuesday, May 26, 2020

गाजीपुर में सात और लोगो की रिपोर्ट आई कोरोना पॉजिटिव, जिले में एक्टिव मरीजो की संख्या पहुंची 80


गाजीपुर। कोरोना पॉजिटिव की संख्‍या ने आज जिले में फिर हलचल मचा दिया है। इस संदर्भ में कोरोना प्रभारी डा. स्‍वतंत्र कुमार ने पूर्वांचल न्‍यूज डॉट काम को बताया कि मंगलवार को जो लैब से रिपोर्ट आई है, उसमें कुल सात कोरोना पॉजिटिव मिले है। जिले में कोरोना पॉजिटिव की संख्‍या 91 हो गयी है जिसमें से 11 लोग स्‍वस्‍थ हो गये है।


अब एक्टिव केसो की संख्‍या 80 हो गयी है। उन्‍होने बताया कि अभी तक जिले से 2249 लोगो का स्‍वेब लैब में टेस्‍ट के लिए भेजा गया था, जिसमें से 1915 लोगो की रिपोर्ट आ गयी है। 338 लोगो की रिपोर्ट लैब में पेंडिंग है।


जिलाधिकारी डॉ ब्रह्म देव राम तिवारी ने किया क्वारन्टीन स्थलों का निरीक्षण


कानपुर, मंगलवार 26 मई 2020 । जिलाधिकारी डॉ0 ब्रह्म देव राम तिवारी महोदय ने आज तहसील बिल्हौर के कोरोंटिन स्थलों का निरीक्षण करने बिल्हौर पहुचे।


 


सबसे पहले राम सहाय इंटर कॉलेज शिवराजपुर पहुंचे जहां पर 11 लोगों को कोरोंटिन के लिए रोका गया है ।जो अन्य जनपदों से आए हैं पास के ही गाँव के रहने वाले है जिन्हें यहाँ रोका गया है। जिलाधिकारी महोदय ने कर्नाटक से आए प्रवासी मजदूर से किसी प्रकार की कोई समस्या तो नही हो रही है के विषय मे जानकारी की तो राजू ने बताया कि कोई समस्या नही है


 


समय से खाना पानी व अन्य वस्तुवे मिल रही है। जिलाधिकारी महोदय ने निर्देशित करते हुए कहा कि सभी को मौसमी फल भी दिए जाएं यह सुनिश्चित किया जाए। तथा कोविड प्रोटोकॉल के अनुसार सभी का मेडिकल चेकअप हो यह भी सुनिश्चित किया जाये। गांवों में निगरानी समितियां एक्टिव रहें तथा गांव में आने वाले लोगों की जानकारी कर उनको कोरोंटिन कराया जाये। निरीक्षण के दौरान बिल्हौर विधायक भगवती प्रसाद सागर, मुख्य विकास अधिकारी सुनील कुमार सिंह, उप जिलाधिकारी बिल्हौर साईं तेजा उपस्थित रहे।


Report @ प्रभात नागेन्द्र त्रिवेदी


लाकडाउन ने फींका किया ईद के सेवईं की मिठास

 


Gonda : एक महीना रोजे के बाद मनाया जानेवाला प्रेम व भाई चारे का प्रतीक ईद- उल- फित्र का त्योहार लाकडाउन के कारण फीका रहा। लोगों अपने घरों में ही ईद की नमाज अदा की। इस बार की ईद में न तो कोई किसी से गले मिला और न ही किसी के घर सेवई खाने व ईद की मुबारक बाद देने गया। सबसे ज्यादा तकतीफ इस ईद में नन्हें मुन्ने बच्चों को हुई। व्यवसायी कययूम शेख, पुत्तन भाई, सगीर, परवेज अहमद, छोटू ने बताया कि लाकडाउन ने ईद के सेंवई की मिठास को ही खत्म करदिया। उन सभी लोगों ने कोरोना वायरस को देश से खत्म करने के लिए इस तरह की कई ईद की खुशियों को वलिदान करने की बात कही।



छावनी में तब्दील रहा पूरा बाजार


सोमवार ईद के सुबह से ही खोरहंसा बाजार, पूरेतिवारी, जमुनियाबाग बाजार, तकिया छावनी में तब्दील रहा। सीओ सदर लक्ष्मी कांत गौतम भारी पुलिस बल के साथ अगुवाई करते हुए सभी बाजार व गांव के मस्जिद, ईदगाह पर भ्रमण करते रहे। लोगों को घरों में ही रहकर ईद की नमाज अदा करने की हिदायत देते रहे। उन्होंने सोसलमीडिया के माध्यम से एक दूसरे को ईद की मुबारकबाद देने की अपील भी की। कोतवाल देहात राजेश सिंह, चौकी प्रभारी योगेश सिंह, बब्बन यादव, चन्द्रशेखर, महिला आरक्षी विनीता यादव, अर्चना! 


Covid-19 : भारत और इजरायल ने मिलाए हाथ, मिलकर करेंगे रिसर्च


कोरोना वायरस संकट से बाहर निकलने के लिए कई स्तरों पर मिलकर काम कर रहे भारत और इजराइल ने त्वरित जांच की ठोस तकनीक हासिल करने के लिए हाथ मिलाया है। दोनों देश कोविड-19 रेपिड टेस्टिंग के लिए साथ में मिलकर रिसर्च एंड डेवलपमेंट के लिए काम करेंगे। इससे जुड़े अधिकारियों का कहना है कि प्रक्रिया शुरू हो गई है और उन्हें उम्मीद है कि वे एक ऐसा टेस्ट करने में सक्षम होंगे जो लोगों को सुरक्षित रूप से फिर से सामान्य जीवन जीने की राह देगा।


 


भारत सरकार और इजरायल सरकार के बीच इस समझौते की घोषणा करते हुए भारत स्थित इजराइल दूतावास ने सोमवार को अपने ट्वीट में कहा, संयुक्त रिसर्च एंड डिवलपमेंट के मुद्दे पर दो देशों के बीच चर्चा हुई। यह भारत और इजराइल के बीच व्यापक वैज्ञानिक सहयोग के लिए इजरायली प्रधानमंत्री और भारतीय प्रधानमंत्री के विजन का हिस्सा है।


खास बात यह है कि रैपिड टेस्टिंग के लिए होने वाली रिसर्च एंड डेवलपमेंट के लिए दोनों देशों के प्राथमिक रक्षा अनुसंधान संगठन को शामिल किया गया है। इसमें डिफेंस रिसर्च एंड डिवलपमेंट ऑर्गेनाइजेशन और काउंसिल फॉर साइंटिफिक एंड इंडस्ट्रियल रिसर्च जैसे भारतीय संस्थान शामिल हैं। ये इजरायल के डिफेंस रिसर्च एंड डिवलपमेंट के साथ काम करेंगे।


पूरी तरह फेल हो गया लॉकडाउन : राहुल गांधी


कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने कहा कि भारत एकमात्र ऐसा देश है जहां वायरस तेजी से बढ़ रहा है और हम लॉकडाउन को हटा रहे हैं। लॉकडाउन का उद्देश्य विफल हो गया है। भारत एक असफल लॉकडाउन के परिणाम का सामना कर रहा है। 


बता दें कि कोरोना वायरस के संक्रमण को रोकने के लिए देश और दुनिया के ज्यादातर हिस्सों में लॉकडाउन और अलग-अलग तरह की पाबंदियां लागू हैं, मगर अब तक इसकी रफ्तार में कमी देखने को नहीं मिल रही है। भारत में कोरोना वायरस का कहर तेज गति से और बढ़ता ही जा रहा है और इसके पॉजिटिव मामलों की संख्या 1 लाख 45 हजार के करीब हो गई है।


अब तक देश में कोरोना वायरस के संक्रमितों की संख्या 145380 पहुंची है, जिनमें से 4167 लोगों की मौत हुई है और 60490 लोग ठीक हो चुके हैं। वहीं विश्व स्तर की बात करें तो दुनियाभर में कोरोना वायरस के मरीजों की सख्या 55 लाख पार कर चुकी है। 


 


भारत में कोरोना वायरस का संक्रमण कम होने का नाम ही नहीं ले रहा। देश में पिछले 24 घंटे में कोरोना वायरस के 6,535 नए केस सामने आए हैं और करीब 146 लोगों की मौतें हुई हैं। मंगलवार को जारी केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के आंकड़ों के मुताबिक, देशभर में कोरोना वायरस के मामले बढ़कर करीब 1,45,380 हो गए हैं और कोविड-19 से अब तक 4167 लोगों की मौत हो चुकी है। कोरोना के कुल 1,45,380 केसों में 80,722 एक्टिव केस हैं, वहीं 60,490 लोगों को अस्पताल से छुट्टी मिल चुकी है या फिर वह ठीक हो चुके हैं। कोरोना वायरस से अब तक सर्वाधिक 1695 लोगों की मौत महाराष्ट्र में हुई। महाराष्ट्र में कोरोना ने सबसे अधिक तबाही मचाई है। यहां कोविड-19 के कुल 52667 पॉजिटिव केस मिल चुके हैं, जो किसी भी राज्य से कई गुना अधिक है। इनमें से 15786 लोग पूरी तरह से स्वस्थ हो चुके हैं या उन्हें छुट्टी दे दी गई है। इस राज्य में अब तक सबसे अधिक 1695 लोगों की जान जा चुकी है।


Monday, May 25, 2020

UP के कई हिस्से लू की चपेट में




लखनऊ, 25 मई :  उत्तर प्रदेश में भीषण गर्मी के बीच कई हिस्से लू की चपेट में हैं। मौसम विभाग ने सोमवार को बताया कि गर्मी से फिलहाल राहत की उम्मीद नहीं है और अगले दो तीन दिन तक भीषण गर्मी पड़ने का अनुमान है।विभाग ने बताया कि वाराणसी, फैजाबाद और लखनऊ मंडलों में दिन का तापमान काफी बढ़ गया । इलाहाबाद, बरेली, मुरादाबाद, बरेली और मेरठ मंडलों में यह सामान्य से अधिक रह।


सबसे अधिक 46 . 3 प्रतिशत तापमान इलाहाबाद में दर्ज किया गया।


मौसम विभाग ने बताया कि अगले 24 घंटे में कई हिस्सों में लू चलना जारी रहेगी । पूर्वी उत्तर प्रदेश में 27 मई को कहीं कहीं बारिश हो सकती है ।


ईद के मौके पर माेहम्मद शमी ने कोच रवि शास्त्री को भेजी मटन बिरयानी और खीर


ईद उल फितर का त्योहार सोमवार को पूरे देशभर में मनाया गया। ऐसे में ईद के मौके पर भारतीय तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी ने भी को लोगों को बधाई दी और उन्होंने टीम के मुख्य कोच रवि शास्त्री के लिए एक खास ट्वीट भी किया। शमी ने सोशल मीडिया पर सेवइयां, खीर और मटन बिरयानी की तस्वीर शेयर की और कोच शास्त्री को टैग कर लिखा है कि ये सभी चीजें उन्होंने कूरियर कर दी है, कुछ समय में पहुंच जाएगीं। शमी ने ट्विटर पर लिखा कि रवि भाई आपकी सेवइयां, खीर और मटन बिरयानी मैंने कूरियर कर दी हैं और कुछ समय में पहुंच जाएगीं, आप देख लो।


शमी ने इससे पहले, अपने फैन्स को ईद की मुबारकबाद देते हुए लिखा ईद मुबारक। अल्लाह आपकी जायद तमन्नाओं को पूरी करे। गौरतलब है कि कोविड-19 महामारी (कोरोना वायरस संक्रमण) पर कंट्रोल करने के लिए देश में लॉकडाउन लागू है और मस्जिद समेत तमाम धार्मिक स्थल बंद हैं। इसीलिए मुस्लिम धर्मगुरुओं ने लोगों से घर पर ही ईद की नमाज अदा करने का आग्रह किया है।


दिल्ली के प्रमुख मुस्लिम धर्मगुरुओं ने रविवार को लोगों से अपील की कि वे ईद मनाते समय सोशल डिस्टैंसिंग के साथ-साथ लॉकडाउन नियमों का पालन करें। फतेहपुरी मस्जिद के शाही इमाम मुफ्ती मुकर्रम अहमद ने कहा कि चांद दिख गया है और सोमवार (25 मई) को ईद मनाई जाएगी। उन्होंने कहा, 'हमने लोगों से एक-दूसरे को गले लगाने और हाथ मिलाने से बचने के लिए कहा है।'


बरेली में कोरोना का बढ़ता ग्राफ


बरेली। जिले में कोरोना का ग्राफ लगातार बढ़ता जा रहा है। सोमवार को दो और लोगों की रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। ये दोनों 300 बेड के अस्पताल में क्वारेन्टीन किए गए थे और 21 मई को इनका नमूना लिया गया था। जिले में अब तककुल 43 कोरोना के केस सामने आ चुके हैं जिसमे दो की मौत हुई है और 10 लोग ठीक होकर घर वापस जा चुके हैं। अब बरेली में कोरोना के 31 एक्टिव केस हो गए हैं।


दूसरे प्रदेश से आए लोगों ने बढ़ाया आंकड़ा


इसके पहले बरेली दो बार कोरोना फ्री हो चुका है लेकिन दूसरे प्रदेश से आए लोगों की वजह से जिले में कोरोना का ग्राफ लगातार बढ़ता जा रहा है। जिले के 31 एक्टिव केस में ज्यादातर लोग बाहर से आए हुए हैं या उनसे संबंधित है। सोमवार को भी दो लोगों की रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। लगातार केस बढ़ने के बाद स्वास्थ्य महकमे में हड़कम्प मचा हुआ है।


Report@Vikas Verma


Sunday, May 24, 2020

यूपी में हो रही भीषण गर्मी


मौसम विभाग के अनुरूप 28 मई तक लू का कहर,फिर आगे बारिश! 


 मौसम विभाग के मुताबिक आने वाले पांच दिन बहुत भारी पड़ेंगे। तापमान 45 डिग्री से कम होने की उम्मीद नहीं है।साथ में तेज गर्म हवाओं(लू) के थपेड़े भी चलेंगे।राजस्थान की ओर से धूल भरी हवाएं भी आएंगी।यह आंखों के लिए खतरनाक हो सकती हैं। लिहाजा बहुत जरूरी होने पर ही घर से बाहर निकलें।अधिकतर काम सुबह निपटाना ठीक रहेगा।अन्यथा शाम पांच से सात बजे के बीच ही जरूरी काम से बाहर निकलें।29 मई से मौसम बिगड़ सकता है।


Report@Milkha Singh Yadav


अभिभावकों द्वारा कानपुर शहर के बड़े स्कूलों के बाहर हो रहा फीस वृद्धि को लेकर हंगामा


कानपुर स्थित केडीएमए वर्ल्ड स्कूल में आज अभिभावकों ने लाक डाउन की अवधि में फीस की नोटिस दिए जाने के विरोध में स्कूल गेट पर जमकर हंगामा किया। स्कूल प्रबंधन के विरुद्ध जोरदार नारे लगाए। कानपुर अभिभावक संघ के अध्यक्ष राकेश मिश्रा निडर ने कहा कि पूरा विश्व वैश्विक महामारी कोविड-19 से संघर्ष कर रहा है ऐसे में तथाकथित समाज सेवकों को स्वयं से संज्ञान लेकर लाक डाउन की अवधि की फीस नहीं मागनी चाहिए थी परंतु स्कूल प्रबंधन अभिभावकों पर जोर जबरदस्ती से फीस मांगने पर अड़ा हुआ है,जोकि सरकार के दिशानिर्देशों का स्पष्ट उल्लंघन है सरकार द्वारा कहा गया है लाक डाउन समाप्त होने के उपरांत अभिभावक फीस जमा कर सकते हैं चूकि कानपुर रेड जोन में है ऐसे में कानपुर के सभी स्कूल पूर्णतया कब खुलेंगे इसकी कोई भी आशा नहीं है अतः ऐसे में अभिभावकों ने फीस देने से हाथ खड़े कर दिये है।


  राकेश मिश्रा द्वारा बताया गया कि हम लोगों की स्कूल प्रबंधन एवं सरकार से मांग है जब तक बच्चे सुरक्षित माहौल में स्कूल ना जाने लगे, तब तक उस दौरान की संपूर्ण फीस माफ कर दी जाए एवं महंगी कॉपी किताबें खरीदने से इंकार कर दिया। हंगामे को देखते हुए स्कूल प्रबंधन ने अभिभावकों को बातचीत के लिए आमंत्रित किया है। अभिभावकों द्वारा बताया गया कि स्कूल प्रबंधन ने कहा है जो अभिभावक फीस देने में सक्षम हैं वह फीस दें और जो अभिभावक फीस देने में अक्षम है वह लिखकर प्रार्थना पत्र निर्गत करें उस पर संतोषजनक कार्यवाही की जाएगी ‌।प्रदर्शन करने में प्रमुख रूप से आशीष निगम, रवि शुक्ला,अनूप शुक्ला, रंजन सिंह, सचिन दीक्षित, अनुराग त्रिवेदी, अर्चना दीक्षित,अभिषेक चंद्रा, नागेंद्र तिवारी इत्यादि रहे।



Report@Parbhas Trivedi 


क्या समाप्त होने वाला है मोदी युग? - अनुज अग्रवाल


कोरोना संकट ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को चक्रव्यूह में फंसा दिया है। वे आज के अभिमन्यु बनते जा रहे हैं। यह भी सत्य है कि वे विपरीत परिस्थितियों में भी बड़े साहस से डटे हुए हैं और लगभग चक्रवर्ती सम्राट की तरह ही भारत की सत्ता का संचालन कर रहे हैं और वैश्विक स्तर पर भी प्रभावी भूमिका निभा रहे हैं। मगर परिस्थिति दिन व दिन जटिल होती जा रही हैं। हर बदलते दिन के साथ उन पर आरोप लगते जा रहे हैं व उनके कई निर्णयों के उल्टा असर पड़ने से देश की जनता में असंतोष बढ़ता जा रहा है। एनडीए सरकार के सन 2019 में वापसी के बाद कश्मीर, अयोधया व तीन तलाक आदि के मुद्दों पर जीत के साथ वे लोकप्रियता के शिखर पर पहुंच गए थे और इसीलिए कोरोना संकट के समय उनके सम्पूर्ण लॉक डॉउन के निर्णय का पूरे देश ने एक स्वर में साथ दिया बिना किसी चर्चा व गहराई में गए बिना। मगर लॉक डॉउन के चौथे चरण तक आते आते चीजें बिखरने लगी। लोगों की जान बचाने के लिए अर्थव्यवस्था का गला घोंटने व सब कुछ यथास्थिति रोक देने से देश मे भयंकर अव्यवस्था, असंतोष व अशांति का माहौल बन गया है। लोग सीएए व शाहीन बाग के कारण उपजी अराजकता से उभरे भी नहीं थे कि संक्रामक बीमारी के भय व गंभीर आर्थिक संकट से घिर गए। इसी के साथ सब कुछ बंद कर देने से आर्थिक के साथ ही भावनात्मक, मानसिक व स्वास्थ्य संबंधी सैकड़ो समस्याओं से घिरते गए और उससे भी बड़ी समस्या बेरोजगारी, भूख , गरीबी व प्रवास की। इन्हीं विपरीत परिस्थितियों में घबराहट, भगदड़ के बीच प्रवासी मजदूरों के संकट का लिजलिजा समाधान मोदी की छवि को गहरी चोट दे गया। अब मध्यम वर्ग भी नोकरी व व्यापार चले जाने के कारण सरकार व मोदी से नाराज होता जा रहा है। संघ परिवार में भी मोदी से नाराजगी बढ़ती जा रही है। 



    सरकार की आमदनी बहुत कम हो जाने से जरूरी खर्चो तक के लिए धन की कमी ने बड़े संकट पैदा कर दिए हैं। इन सबके बीच पाकिस्तान द्वारा सैकड़ो बार सीमा पर गोलीबारी, चीन के साथ लद्दाख में झड़प, नेपाल का आंखे दिखाना, हिंद महासागर में चीन की बढ़ती दखल, अमेरिका चीन में बढ़ते तकरार के बीच भारत को उलझने की कोशिश तो चीन व अमेरिका द्वारा भारत पर बढ़ता कूटनीतिक दबाब कुछ अलग ही चिंताएं बढ़ा रहा है। कश्मीर में बढ़ती आतंकी वारदाते, तो देश के अनेक भागों में बढ़ता टिड्डी दल का आक्रमण, इम्फान तूफान से उत्तर पूर्व, बंगाल व उड़ीसा में भीषण तबाही और कोरोना मरीजों का नित बढ़ता ग्राफ विकट चुनोती लिए खड़ा हो गया है। देश की अर्थव्यवस्था को खोलने की कोशिशों के बीच 70% औधोगिक क्षेत्र केंटोनमेंट जोन में होने के कारण सील होने से दिक्कत काम होने की जगह और बढ़ गयी हैं। इसी बीच विपक्षी दल विशेषकर कांग्रेस पार्टी लगातार सरकार को घेर रही है व हर निर्णय की आलोचना कर नकारात्मक माहौल बना रही है व देश मे आर्थिक आपातकाल लगाने की स्थिति आ सकती है। अगर ऐसा हुआ तो यह बहुत बुरा होगा।


      इन सब दुश्चिंताओं के बीच आने वाले अगले दो तीन महीने माहौल और बिगड़ने व खराब होने के संकेत दे रहे हैं। ऐसे में मोदी सरकार के लिए मुश्किलें और बढ़ सकती हैं व उनकी लोकप्रियता का ग्राफ नीचे आना निश्चित है। ऐसे में संभव है कि विपक्ष मध्यावधि चुनावों की मांग कर सकता है किंतु कमजोर विपक्ष की शायद ही सुनी जाए। हाँ संघ या पार्टी में मोदी को हटाकर किसी ओर को कमान देने की सुगबुगाहट अभी से शुरू हो चुकी है। ऐसे में आने वाले समय मे राजनाथ सिंह, नितिन गडकरी, अमित शाह व योगी आदित्यनाथ मोदी के विकल्प के रूप में देखे जाने लगेंगे। मोदी ऐसा कभी भी नहीं चाहेंगे। वे मंझे हुए खिलाड़ी हैं और अपने ट्रंप के पत्ते का इस्तेमाल कर सकते हैं यानि आपातकाल की घोषणा या फिर पाकिस्तान से युद्ध। मगर दोनों ही बहुत खतरनाक कदम साबित हो सकते है। एक तरफ कुआं तो दूसरी ओर खाई। महामारी व आर्थिक विपत्तियों से घिरे देश के लिए ऐसे कदम आत्मघाती भी हो सकते हैं। 


         उनके अगर अपनी सत्ता व देश दोनों बचाने हैं तो अपनी शैली में व्यापक बदलाब करने होंगे। निर्णय लेने की प्रक्रिया अधिक लोकतांत्रिक, पक्ष विपक्ष सभी से समन्वय और अमेरिका व चरण दोनों से सामान दूरी। इसके साथ ही चाहे संक्रमण की समस्या कितनी भी विकट हो जाए सम्पूर्ण लॉकडॉउन से परहेज और दीर्घकालिक व प्रभावी रणनीति बनाकर मजदूरों, किसानों व मध्यम वर्ग की समस्या का समाधान। इसके साथ ही आत्मनिर्भर भारत की संकल्पना में विदेश निवेश के लालच को डिलीट करने की इच्छा शक्ति। अन्यथा मोदी और देश दोनों का भगवान ही मालिक।


Report@अनुज अग्रवाल


 


10 दिन में 36 लाख लोग करेंगे यात्रा, RAC भी होगा कन्फर्म, रेलवे ने किए ये ऐलान


कोरोना वायरस और लॉकडाउन के दौर में भारतीय रेलवे की ओर से लोगों को लगातार राहत देना जारी है. रेलवे यात्रियों की सुविधा के लिए लगातार अहम फैसला ले रहा है. आने वाले दिनों के लिए भी रेलवे ने कमर कस ली है. इसी को लेकर रेलवे बोर्ड के चेयरमैन विनोद कुमार यादव ने शनिवार को कुछ बड़े ऐलान किए.


 


रेलवे बोर्ड के चेयरमैन ने कहा कि जब तक आखिरी प्रवासी श्रमिक अपने गंतव्य तक नहीं पहुंच जाते, तब तक रेलवे की तरफ से श्रमिक स्पेशल ट्रेनें चलती रहेंगी. उन्होंने बताया कि इसके लिए हमने योजना बना रखी है कि अगले 10 दिनों में 36 लाख लोगों को यात्रा करवाएंगे. उन्होंने कहा कि अब तक 35 लाख प्रवासी श्रमिक एक राज्य से दूसरे राज्य गए, जबकि करीब 10 लाख श्रमिक राज्य के अंदर सफर कर सके हैं. विनोद कुमार यादव ने कहा कि 2,600 श्रमिक स्पेशल ट्रेनें यात्रा पूरा कर चुकी हैं.


 


*यात्रा से 30 दिन पहले टिकटों की बुकिंग*


 


स्पेशल ट्रेनों में यात्रा करने से पहले अब 30 दिन पहले भी लोग रिजर्वेशन टिकट ले पाएंगे. इससे पहले रेलवे ने यात्रा से 7 दिन पहले टिकट बुकिंग की इजाजत दी थी. रेलवे 1 जून से चलने वाली 200 ट्रेनों के टिकट बुकिंग के लिए धीरे-धीरे सारे टिकट काउंटर खोलने जा रहा है.


 


रेलवे बोर्ड के चेयरमैन विनोद कुमार यादव ने बताया कि अब तक 1 हजार से ज्यादा टिकट काउंटर्स खुल चुके हैं. जरूरत के अनुसार आगे भी काउंटर्स खुलते रहेंगे. साथ ही, IRCTC एजेंट, पोस्ट ऑफिस, कॉमन सर्विस सेंटर्स आदि को भी टिकट उपलब्ध कराने की अनुमति दी गई है. पहले सिर्फ IRCTC की वेबसाइट और ऐप से ही टिकट बुकिंग की अनुमति थी.



उन्होंने कहा कि रिजर्वेशन अंगेस्ट कैंसलेशन (RAC) टिकट के कन्फर्म होने की पूरी संभावना है. विनोद कुमार यादव ने प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान कहा कि हमने सिर्फ कन्फर्म टिकट पर ही यात्रा की अनुमति दी है. रास्ते में किसी यात्री को चढ़ने की अनुमति नहीं है, इसलिए आरएसी टिकट के कन्फर्म होने की पूरी संभावना है.


 


*'ज्यादा किराया नहीं लिया जा रहा'*


 


रेलवे बोर्ड के चेयरमैन ने ये भी साफ कर दिया कि स्पेशल ट्रेनों में पहले के मुकाबले ज्यादा किराया नहीं वसूला जा रहा है. उन्होंने कहा कि लॉकडाउन से पहले जो टिकट के दाम थे आज भी वहीं हैं. किसी भी टिकट पर एक भी पैसा ज्यादा नहीं लिया जा रहा है.


 


उन्होंने कहा कि जहां तक बात खास यात्रियों को टिकट किराए पर मिलने वाली छूट का सवाल है तो लॉकडाउन से पहले कुछ छूटों पर रोक लगा दी गई थी, खासकर बुजुर्गों को मिलने वाली. वह इसलिए किया गया था कि संकट की स्थिति में लोगों का साथ मिले. उन्होंने कहा कि टिकट फेयर में रियायत की वही व्यवस्था आज भी लागू है. उन्होंने बताया कि कुछ ट्रेनों में महज 30 फीसदी सीटें ही बुक हुई हैं, हालांकि कुछ ट्रेनों में 100 फीसदी सीटें बुक हो चुकी हैं.


Saturday, May 23, 2020

शिया और सुन्नी मरकज़ी चांद कमेटी का एलान, 25 मई को देशभर में मनाया जायेगा ईद


लखनऊ : शिया और सुन्नी मरकज़ी चांद कमेटी का एलान! 25 मई को देशभर में मनाया जायेगा ईद उल फितर का त्योहार! मौलाना ख़ालिद रशीद ने किया एलान! मरकज़ी रूईयत हिलाल कमेटी से मुफ़्ती अबुल इरफान मिया का भी एलान! शिया और सुन्नी उलमा ने की मुसलमानो से अपील, लॉक डाउन और सोशल डिस्टेंसिंग का ईद पर हो पालन, सादगी के साथ घरो में रह कर मनाया जाये ईद का त्योहार ईद की नमाज़ घरो पर ही अदा करे लोग, मस्जिदो में केवल 5 लोग ही अदा करे नमाज़, ईद में ग़रीबो और ज़रूरतमंदों का रखे ख़ास ख़याल, कोरोना महामारी से देश,दुनिया को निजात मिले करे दुआ! 


Lucknow police breaking!!

ब्रेकिंग लखनऊ



 


लखनऊ CP के आदेश पर राजधानी लखनऊ पुलिस ने पूरी तरह कसी कमर उतरी सड़कों पर। डीसीपी वेस्ट सर्वश्रेष्ठ त्रिपाठी व एसीपी बाजार खाला अनिल कुमार यादव के आदेशों पर काम कर रहे इंस्पेक्टर विजेंद्र सिंह व चौकी प्रभारी गुलजार नगर नंदू सिंह ।



इंस्पेक्टर बाजार खाला विजेंद्र सिंह के नेतृत्व में चौकी प्रभारी गुलजार नगर नन्दू सिंह ने चलाया भीड़भाड़ वाले एरीया मछली मंडी में चेकिंग अभियान व फालतू घूम रहे लोगो की लगाई किलास व काम से जारहे लोगो के जाने का रिजन व कागज किया चेक। चौकी प्रभारी गुलजार नगर नन्दू सिंह ने कहा कि क्षेत्र में फालतू घूम ने वालों की अब खैर नहीं। फालतू घरो से बाहर घूम के कोरोना वायरस को बढ़ावा देने वालों पर चला बाजार खाला पुलिस व चौकी प्रभारी गुलजार नगर नन्दू सिंह का हंटर


 


रिपोर्टर _ शादाब आलम


अयातुल्लाह अली ख़ामनेई ने कहा, "क्षेत्र में यहूदियों की हुकूमत एक ट्यूमर की तरह है

ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्लाह अली ख़ामेनेई ने शुक्रवार को कहा कि इसराइल एक ट्यूमर है जिसे हटाया जाना है! साथ ही उन्होंने फ़लस्तीन को ईरान से हथियार भेजने का भी समर्थन किया है. दूसरी तरफ़, अमरीका, यूरोपीय संघ और इसराइल ने ईरान के इस बयान की कड़ी आलोचना की है! इसराइल का विरोध शिया बहुल ईरान में एक बड़ा मुद्दा है. इसराइल के साथ अमन का विरोध करने वाले फ़लस्तीनी और लेबनान के सशस्त्र गुटों को ईरान का समर्थन हासिल रहा है. ईरान ने आज तक इसराइल को मान्यता नहीं दी है! 



समाचार एजेंसी रॉयटर्स के मुताबिक़ अयातुल्लाह अली ख़ामनेई ने कहा, "क्षेत्र में यहूदियों की हुकूमत एक ट्यूमर की तरह है जो जानलेवा और नासूर बन गया है. बेशक इसे एक दिन नेस्तनाबूद कर दिया जाएगा."ख़ामेनेई ने रमज़ान के आख़िरी जुमे के दिन एक ऑनलाइन भाषण में ये बात कही! अमरीका, यूरोपीय संघ और इसराइल ने ईरान की इस टिप्पणी पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है! 


 


इसराइल के प्रधानमंत्री बिन्यामिन नेतन्याहू ने ईरान को आगाह करते हुए कहा, "इसराइल को बर्बाद करने की धमकी देने वाली ताक़तों का भी वही हश्र होगा."


अमरीकी विदेश मंत्री माइक पॉम्पियो ने ख़ामेनेई के बयान को ख़ारिज करते हुए उसे घृणित और यहूदी विरोधी टिप्पणी करार दिया! उन्होंने कहा कि ये बातें ईरान के आम लोगों की सहिष्णुता की परंपरा से मेल नहीं खाती हैं! 


 


यूरोपीय संघ की विदेश नीति के प्रमुख जोसेफ़ बोरेल ने कहा कि ख़ामेनेई की टिप्पणी पूरी तरह से अस्वीकार्य हैं और ये चिंता का सबब भी है! 


 


फ़लस्तीनी गुटों को हथियारों की मदद


 


हालांकि गज़ा में सक्रिय 'हमास' और 'इस्लामिक जिहाद' जैसे फ़लस्तीनी सशस्त्र गुट ईरान की तरफ़ से मिलने वाले पैसे और हथियारों की मदद की तारीफ़ करते रहे हैं! 


 


लेकिन शुक्रवार से पहले ख़ामनेई ने कभी भी सार्वजनिक तौर पर ये बात नहीं कबूल की थी ईरान इन सशस्त्र गुटों को हथियारों की आपूर्ति करता है! 


 


ख़ामनेई ने कहा, "ईरान को इस बात का एहसास है कि फ़लस्तीनी लड़ाकों की केवल एक समस्या है और वो है हथियारों की कमी. अल्लाह की मर्जी और मदद से हमने योजना बनाई और फ़लस्तीन में सत्ता का संतुलन बदल गया और गज़ा पट्टी यहूदी दुश्मनों के हमलों के ख़िलाफ़ खड़ी हो सकती है और उन्हें हरा सकती है."


 


इसराइल के रक्षा मंत्री बेनी गैंट्ज़ ने इस पर कहा, "इसराइल के सामने कई बड़ी चुनौतियां हैं. ख़ामेनेई का बयान इसे पूरी तरह से स्पष्ट कर देता है."बेनी गैंट्ज़ ने फ़ेसबुक पर लिखा, "मैं किसी को ये सलाह नहीं दे सकता कि वो हमारा इम्तेहान ले ले... हम किसी भी किस्म के ख़तरे का सामना करने के लिए हर तरह से तैयार हैं."


 


ख़ामेनेई ने और क्या कहा?


 


ईरान के सर्वोच्च धार्मिक नेता ने शुक्रवार को अपने संबोधन में इसराइल के ख़िलाफ़ बयान देने के अलावा भी बहुत कुछ कहा! 


समाचार एजेंसी एएफ़पी के अनुसार ख़ामेनेई ने इस मौके पर कहा, "फ़लस्तीन की आज़ादी हमारी इस्लामी ज़िम्मेदारी है. इस संघर्ष का मक़सद पूरे फ़लस्तीनी इलाक़े की आज़ादी है और फ़लस्तीनियों को उनका मुल्क वापस दिलाना है. अमरीका चाहता है कि इस इलाक़े में यहूदियों की सरकार की मौजूदगी को सामान्य बात बना दी जाए. कुछ अरब देशों की अमरीका परस्त सरकारें इसके लिए हालात तैयार कर रही हैं."


 


फ़लस्तीन के मुद्दे को समर्थन देने के लिए ईरान हर साल रमज़ान के आख़िरी जुमे के दिन 'क़ुड्स (यरूशलम) दिवस' मनाता है. साल 1979 की क्रांति के बाद से ही ईरान में ये परंपरा चली आ रही है! 


 


पिछले 30 सालों में ये पहला मौक़ा है जब ईरान के सुप्रीम लीडर की हैसियत से ख़ामेनेई इस मौक़े पर संबोधित कर रहे थे. हालांकि वे लगातार ये कहते रहे हैं कि फ़लस्तीन का मुद्दा मुस्लिम जगत की सबसे बड़ी समस्या है! इस साल कोविड-19 की महामारी के कारण ईरान ने 'क़ुड्स डे' से जुड़ी रैलियां स्थगित कर दी थीं! 


Friday, May 22, 2020

लॉकडाउन में चीन से हटने वाली कंपनियों को यूपी लाने की मुहिम में जुटी योगी सरकार


लखनऊ, 22 मई। विदेशी कंपनियों को यूपी लाने की योगी सरकार की मुहिम लॉकडाउन के दौरान भी रंग ला रही है। अमेरिका की कंपनी मास्टर कार्ड ने यूपी सरकार संपर्क कर राज्य के एमएसएमई सेक्टर में सहयोग करना चाहती है। उसकी योजना ग्रामीण क्षेत्रों क्रेडिट कार्ड योजना में निवेश करने की है। 


मास्टरकार्ड ग्लोबल पेमेंट व टेक्नालॉजी की मल्टीनेशनल कंपनी है। मास्टर कार्ड की रणनीति ग्रामीण क्षेत्रों किराना स्टोर में डिजिटल पेमेंट की सुविधा को बढ़ावा देने की है। मास्टर कार्ड उन अमेरिकन कंपनियों में है जो चीन से अपना कारोबार शिफ्ट कर भारत समेत कई दूसरे मुल्कों में अपने लिए संभावनाएं तलाश रही हैं। कंपनी ने यूपी के साथ निवेश सहयोग के लिए राज्य के एमएसएमई व निवेश प्रोत्साहन मंत्री सिद्धार्थनाथ सिंह को पत्र लिखा है।


असल में पिछले महीने ही यूनाइटेड स्टेट इंडिया स्ट्रेटजिक पार्टनशिप के फोरम पर यूपी सरकार ने वेबनियर के जरिए दो दर्जन अमेरिकन कंपनियों से बातकर यूपी में बेहतरीन माहौल के बारे में बताया था। 


अब शुक्रवार को यूसएस इंडिया बिजनेस कांउसिल के जरिए सिद्धार्थनाथ सिंह अन्य बड़ी अमेरिकन कंपनियों के प्रतिनिधियों के साथ निवेश के संबंध में बात करेंगे। इसी बीच चीन से शिफ्ट होने वाली जर्मनी की मशहूर फुटवियर कंपनी वॉन वेल्क्स उत्तर प्रदेश में निवेश करने की तैयारी में है। 


चीन से शिफ्ट होने वाली कंपनियों को लुभाने के लिए ही मुख्यमंत्री ने एक हाईलेवल कमेटी बनाई है। इसमें दो वरिष्ठ मंत्री सिद्धार्थनाथ सिंह व औद्योगिक विकास मंत्री सतीश महाना भी हैं। मुख्यमंत्री जून के आखिरी या जुलाई में संबंधित देशों के राजदूतों से वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए यूपी में निवेश के संबंध में चर्चा करेंगे।


काली पट्टी बांधकर बैंककर्मीं ने किया विरोध


Gonda : सरकार के श्रम विरोधी कानून के कारण शुक्रवार को बैंक के कर्मचारियों ने हाथों में काली पट्टी बांधकर विरोध प्रदर्शन किया। प्रथमा यूपी ग्रामीण बैंक दर्जीकुंआं के प्रबंधक अनिल कुमार गुप्ता ने बताया कि संगठन के पदाधिकारियों के निर्देशानुसार विरोध किया जारहा है। उन्होंने सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा कि जहां पूरा देश व विश्व के लोग इस समय कोरोना महामारी से निपटने में लगे हुए हैं। वहीं केन्द्र सरकार श्रम विरोधी कानून लाकर मजदूर वर्ग का शोषण कर रही है। श्रमिकों के काम का समय आठ घण्टे से बढ़ाकर 12 घण्टे सरकार करने जारही है। सरकार श्रमिकों का शोषण कर उन्हें गुलाम बनाना चाहरही है। सरकार नेताओं के पेंशन को बरकरार रखते हुए कर्मचारियों को पुरानी पेंशन नहीं देरही है। उन्होंने बताया कि बैंक के संगठन की अहवान पर एक दिन का विरोध प्रदर्शन किया गया है। कैशियर संजीव कुमार गुप्ता, काली चरन, खोरहंसा प्रबंधक आशीष गाबा और उनका पूरा स्टाप विरोध प्रदर्शन में शामिल रहा।


योगी आदित्यनाथ को बम से उड़ाने की धमकी


लखनऊ : उत्तर प्रदेश के सीएम योगी आदित्यनाथ को बम से उड़ाने की धमकी दी गई है। यह धमकी पुलिस मुख्यालय के वॉट्सऐप नंबर पर भेजी गई। जिस नंबर से धमकी भरा मेसेज आया है, पुलिस ने उस नंबर के आधार पर एफआईआर दर्ज कर ली है। इस मेसेज में योगी को एक खास समुदाय का दुश्मन बताते हुए धमकी दी गई है।


यूपी पुलिस के 112 मुख्यालय में गुरुवार देर रात लगभग साढ़े बारह एक वॉट्सऐप मेसेज आया। यह मेसेज यहां के सोशल मीडिया डेस्क के नंबर 7570000100 पर आया था। मेसेज में लिखा था, 'सीएम योगी को मैं बम से मारने वाला हूं। (एक खास समुदाय का नाम लिखा) की जान का दुश्मन है वो।' यह मेसेज आने के बाद उच्चाधिकारियों को इसी सूचना दी गई। 


 


अधिकारियों ने मामले को गंभीरता से लेते हुए कार्रवाई की है। पुलिस ने बताया कि धमकी मोबाइल नंबर 8828453350 से आई थी। पुलिस ने इस नंबर के आधार पर एफआईआर दर्ज कर ली है। अब रेकॉर्ड निकाला जा रहा है कि यह नंबर किसके नाम का है। 


 


19 मिनट के अंदर दर्ज हुई FIR 


अधिकारियों ने बताया कि गोमती नगर थाने में धारा 505 (1) बी, 506 और 507 के तहत केस दर्ज किया गया है। खासबात यह है कि इस मामले में जरा भी देरी नहीं की गई। मेसेज रात में 12 बजकर 32 मिनट पर आया तो थाने में महज 19 मिनट के अंदर 12 बजकर 51 मिनट पर एफआईआर दर्ज करा दी गई! अधिकारियों ने बताया कि मामले में कोई ढील न देते हुए पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर ली है। तेजी से धमकी देने वाली की तलाश हो रही है। जल्द ही उसे गिरफ्तार कर लिया जाएगा। 


लगातार मदद के लिए यूपी पुलिस हर जगह आगे दिखाई दे रही है


कानपुर! ऐसा ही एक मामला कानपुर शहर के बाबू पुरवा थाना के अंतर्गत आया जहां पर बिहार जा रहे हैं प्रवासी मजदूरों की मदद बाबू पुरवा थाना के थानाध्यक्ष राजीव सिंह ने दो गैर सरकारी बसें बुलाकर अपने निजी खर्च से डीजल भरवा कर उन प्रवासी यात्रियों को इलाहाबाद तक छोड़ने के लिए बसों को तैयार कराया। और प्रवासियों का पूर्ण हालचाल लेने के बाद अपने सामने बसों में प्रवासी मजदूरों को बैठाल कर रवाना किया।


 थानाध्यक्ष राजीव सिंह कि यह दरियादिली और लोगों के लिए एक मिसाल बनकर सामने आएगी और सभी आगे मदद के लिए तैयार रहेंगे!


Report@parbhas trivedi _ kanpur


कानपुर शहर के तिलक नगर में मिले करुणा पॉजिटिव पॉश एरिया में आई दहशत


कानपुर! शहर के तिलक नगर स्थित आनंद प्रगति अपार्टमेंट में शहर के नामी ज्वैलर्स पी बी सोसाइटी का 101 न. फ्लैट इस अपार्टमेंट में है। जहां पर उनके मुनीम तथा 3 लोग दो-तीन दिन पहले रहने आए थे पूछने पर पता चला कि जगह ना होने के कारण इस फ्लैट में रहने आए हैं उनमें से एक कोरोना पॉजिटिव मिलने से पूरे अपार्टमेंट में हड़कंप मच गया तथा आसपास क्षेत्र में दहशत फैल गई। प्रशासन के मुताबिक इसके कागजों का पता नयागंज होने के कारण कलेक्टर गंज पुलिस लोकेशन चिन्हित कर रही थी पर इनको यहां मिलने के बाद।हॉटस्पॉट नयागंज ना होकर हॉटस्पॉट तिलक नगर बना दिया गया।


Reporter _प्रभात नागेन्द्र त्रिवेदी


 


दिवंगत के परिवार को पार्टी ने दी आर्थिक मदद

गोंडा  : समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव के निर्देश पर जिले का प्रतिनिधि मंडल दिवंगत के घर पहुंच कर सांत्वना दिया।गोण्डा सद...